MP में सत्ता वापसी के लिए कांग्रेस ने खेला नया दांव, दलित नेता को बनाएगी डिप्टी CM


मध्य प्रदेश के विधानसभा चुनाव में अभी पांच महीने का समय बचा हुआ है। लेकिन कांग्रेस में मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर निर्णय नहीं हो पा रहा है। ऐसे में कांग्रेस ने अपने डिप्टी सीएम पद के उम्मीदवार का ऐलान कर दिया है। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी दीपक बाबरिया ने बयान दिया है कि अगर मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनेगी तो सुरेंद्र चौधरी उप मुख्यमंत्री बनेंगे लेकिन राज्य में सीएम कौन होगा ये तस्वीर अभी तक साफ नहीं है।

आपको बता दे कि कांग्रेस ने इस नाम का ऐलान तब किया है जब हाल में बीएसपी प्रमुख मायावती ने मध्य प्रदेश में गठबंधन के सवाल को सिरे से खारिज कर दिया। मायावती ने गठबंधन की संभावना से इनकार करते हुए कहा कि कांग्रेस के साथ उनकी कोई बात नहीं चल रही और अगले विधानसभा चुनाव में बीएसपी सभी 230 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।

मध्य प्रदेश में कांग्रेस-बीएसपी गठबंधन होता है तो इसे ‘खेल बदलने’ वाली रणनीति मान सकते हैं क्योंकि इससे दोनों पार्टियां मिलकर दलित वोटों को आसानी से गोलबंद कर सकेंगी।

एक तरफ मायावती का ऐकला चलो का ऐलान और दूसरी तरफ कांग्रेस का किसी दलित नेता को डिप्टी सीएम के लिए तैयार करना, विधानसभा चुनावों से पहले किसी अलहदा सियासी गणित की आहट के तौर पर देखा जा रहा है। डिप्टी सीएम के लिए सुरेंद्र चौधरी के नाम का ऐलान किसी और ने नहीं बल्कि प्रदेश पार्टी के अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रभारी दीपक बाबरिया ने खुद किया है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर दलितों को तरजीह दी जाएगी. इस आधार पर सुरेंद्र चौधरी इस पद के लिए बेहतर उम्मीदवार होंगे।

बाबरिया ने एक कार्यक्रम में कहा कि जमुना देवी जिस तरह मध्य प्रदेश में डिप्टी सीएम बनाई गई थीं, उसी तरह प्रदेश में अगर कांग्रेस की सरकार बनी तो सुरेंद्र चौधरी डिप्टी सीएम हो सकते हैं।

दीपक बाबरिया ने कहा कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बसपा के साथ गठबंधन की बात कर रहे हैं। दोनों दलों के बीच काफी हद बातें हो गई हैं। बता दें कि अगर बसपा और कांग्रेस मिलकर चुनाव मैदान में उतरती हैं, तो शिवराज के लिए सत्ता में वापसी करना मुश्किल हो जाएगा। दोनों पार्टियों के साथ आने से दलित वोटों में आसानी से सेंधमारी कर सकते हैं।

दीपक बाबरिया ने कहा कि मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर दलितों को तरजीह दी जाएगी। उन्होंने कहा कि जमुना देवी जिस तरह मध्य प्रदेश में डिप्टी सीएम बनाई गई थीं। उसी तरह प्रदेश में अगर कांग्रेस की सरकार बनी तो सुरेंद्र चौधरी डिप्टी सीएम हो सकते हैं।

बता दें कि सुरेंद्र चौधरी वर्तमान में कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष हैं. वहीं मध्य प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष सुरेंद्र चौधरी ने कहा कि पार्टी हाईकमान जो भी भूमिका तय करेगा, वो भूमिका निभाऊंगा।

बाबरिया का बयान इसलिए भी अहम है, क्योंकि मध्य प्रदेश में करीब 16 फीसदी वोटबैंक दलित वर्ग का है, वहीं 35 सीटें ऐसी हैं जो अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित हैं। कांग्रेस की नज़र इसी वोटबैंक पर है। यही वजह है कि कांग्रेस ने इस वोटबैंक को साधने के लिए उप मुख्यमंत्री का ये कार्ड खेला है।

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