गुजरात में चुनावी गहमागहमी के बीच पाटीदार आरक्षण आंदोलन समिति (पास) नेता हार्दिक पटेल के एक अनजान युवती के साथ कथित सेक्स वीडियो के आज सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद उन्होंने इसे सत्तारूढ भाजपा का षडयंत्र करार दिया है। यूट्यूब और अन्य सोशल मीडिया साइट पर वायरल हुए इस वीडियो फुटेज की अवधि लगभग दस मिनट की है।

इसमें कथित तौर पर हार्दिक को किसी अनजान युवती से किसी होटल अथवा गेस्टहाऊस के कमरे में बिस्तर पर पहले गुजराती भाषा में बातचीत करते हुए और बाद में हमबिस्तर होते दिखाया गया है। हार्दिक ने हालांकि शुरूआती प्रतिक्रिया में इसे बनावटी कहा पर यह भी कहा कि अगर यह उनका वीडियो हुआ तो वह स्वीकार करने से गुरेज नहीं करेंगे।

पाटीदार आंदोलन के एक अन्य प्रमुख संगठन सरदार पटेल ग्रुप (एसपीजी) ने इसकी न्यायिक जांच कराने की मांग की। वीडियो वायरल होने के बाद यहां सरगासण के एक फार्म हाऊस में अपने संगठन की एक जरूरी बैठक में भाग लेने आये हार्दिक ने पत्रकारों से कहा कि उन्होंने पहले से ही ऐसे सीडी बाहर आने की आशंका जताई थी।

भाजपा पहले भी अपने ही नेता संजय जोशी का फर्जी सेक्स सीडी बाहर लेकर आई थी। यह गंदी राजनीति की शुरूआत है। वह इस मामले में जो भी जरूरी होगा वह कानूनी कार्रवाई करेंगे। इसी साल 16 मई को रात करीब सवा नौ बजे तैयार इस सीडी के बारे में हार्दिक ने कहा कि यह बनावटी है।

उन्होंने दावा किया कि भाजपा महिलाओं की जासूसी जैसे काम में रही है। उन्होंने कहा कि सीडी जैसी चीजों से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता वह छाती ठोक कर भाजपा के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। एसपीजी के प्रवक्ता पूर्विन पटेल ने कहा कि इस मामले की न्यायिक जांच होनी चाहिए। वीडियो की सत्यता की विधि विज्ञान प्रयोगशाला के जरिए जांच होनी चाहिए।