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उत्तर प्रदेश

भाजपा सरकार की नीति के कारण सर्वसमाज के लोग हो रहे मॉब लिंचिंग का शिकार : मायावती

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने मॉब लिंचिंग को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार की नीति की देन के कारण सर्वसमाज के लोग इसका शिकार हो रहे हैं।

उन्होंने शनिवार को ट्वीट के माध्यम से लिखा कि "मॉब लिंचिंग एक भयानक बीमारी के रूप में देश भर में उभरने के पीछे वास्तव में खासकर बीजेपी सरकारों की कानून का राज स्थापित नहीं करने की नीयत व नीति की ही देन है जिससे अब केवल दलित, आदिवासी व धार्मिक अल्पसंख्यक समाज के लोग ही नहीं बल्कि सर्वसमाज के लोग व पुलिस भी शिकार बन रही है।" 

उन्होंने आगे लिखा कि "माननीय सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद केन्द्र को गम्भीर होकर मॉब लिंचिंग पर अलग से देशव्यापी कानून अब तक जरूर बना लेना चाहिये था लेकिन लोकपाल की तरह मॉब लिंचिग के मामले में भी केन्द्र उदासीन है व कमजोर इच्छाशक्ति वाली सरकार साबित हो रही है। ऐसे मे यूपी विधि आयोग की पहल स्वागतोग्य है।" 

ज्ञात हो कि विधि आयोग के अध्यक्ष (सेवानिवृत्त) आदित्य नाथ मित्तल ने मॉब लिंचिंग की रिपोर्ट के साथ तैयार मसौदा विधेयक उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के समक्ष पेश किया है। इस 128 पन्नों की रिपोर्ट में प्रदेश में मॉब लिंचिंग  के अलग-अलग मामलों का जिक्र है। 

इसमें 2018 में सुप्रीम कोर्ट द्वारा की गई सिफारिशों के आधार पर कानून को तत्काल लागू करने की संस्तुति की गई है। आयोग ने रिपोर्ट में इस बात का खासतौर पर जिक्र किया है कि वर्तमान कानून मॉब लिंचिंग से निपटने में सक्षम नहीं है। ऐसी दुस्साहसिक घटनाओं के लिए एक अलग कानून होना चाहिए।