पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने कहा है कि चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (सीपीईसी) चीन से पाकिस्तान तक व्यापार, निवेश और प्रौद्योगिकी को आकर्षित करेगा, ताकि उनके देश के भविष्य के विकास को बढ़ावा देने में मदद मिल सके।
सूत्र के मुताबिक, इमरान खान ने रविवार को प्रधानमंत्री आवास में चीनी स्टेट काउंसलर व विदेश मंत्री वांग यी के साथ बैठक की और कहा कि उनका देश विकास में चीन की उपलब्धियों की प्रशंसा करता है और गरीबी उन्मूलन और भ्रष्टाचार खत्म करने के चीन के सफल अनुभव से सीखने के लिए इच्छुक है।
खान ने हमेशा कठिन समय में चीन द्वारा पाकिस्तान को सहयोग करने की सराहना की और कहा कि द्विपक्षीय मैत्री को मजबूत सार्वजनिक आधार प्राप्त है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अंतर्राष्ट्रीय और क्षेत्रीय मामलों में चीनी पक्ष के साथ समन्वय और सहयोग बढ़ाने के लिए तैयार है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार सीपीईसी के विकास को बहुत महत्व देती है और सभी पहलुओं में सीपीईसी सहयोग को आगे बढ़ाने और समन्वय करने के लिए एक विशेष प्राधिकरण का गठन किया है।
वहीं, वांग ने कहा कि चीन शासन संबंधी अनुभवों का आदान-प्रदान बढ़ाने और विकास संबंधी अनुभवों को पाकिस्तान के साथ साझा करने के लिए तैयार है। वांग ने यह भी कहा कि सीपीईसी को पाकिस्तान द्वारा महत्व देने की चीन सराहना करता है और सीपीईसी को औद्योगिक और सामाजिक-आर्थिक सहयोग में विस्तारित करने के लिए पाकिस्तान के साथ हाथ मिलाने को तैयार है ताकि पाकिस्तान के औद्योगिकीकरण में तेजी आए।
उन्होंने यह भी कहा कि सीपीईसी को देश के पश्चिमी और अन्य हिस्सों तक बढ़ाया जाना चाहिए, ताकि इसका लाभ पूरे देश तक पहुंच सके। दोनों पक्षों ने कश्मीर की वर्तमान स्थिति पर विचारों का भी आदान-प्रदान किया। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने इस बारे में अपने देश के रुख की जानकारी दी।


Download Android App
Download iOS App


