BREAKING NEWS

BJP प्रमुख कर्नाटक मंत्रिपरिषद के विस्तार के लिए आज भेजेंगे अंतिम सूची : बोम्मई◾गलवान हिंसा पर Video जारी कर अपनी ही फजीहत करा बैठा चीन, पत्थरबाज सैनिक हुए एक्सपोज◾अफगानिस्तान के संकट का असर ना केवल पड़ोस पर बल्कि उससे भी बाहर तक होगा : जयशंकर◾दृष्टिकोण 2047 : दिल्ली को नंबर-1 बनाने के लिए केजरीवाल ने सभी से सलाह मांगी◾अफगानिस्तान में तालिबान की हिंसा पर भारत का कड़ा संदेश, कहा- हिंसा, डराने व धमकाने से वैधता प्राप्त नहीं की जा सकती◾एमपी: भारी बारिश से मचा हाहाकार, बाढ़ में फंसे 16 सौ लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया ◾कर्नाटक: सीएम पद छोड़ते ही मुश्किलों में घिरे येदियुरप्पा, भ्रष्टाचार के मामले में नोटिस जारी◾दिल्ली में बच्ची की संदिग्ध मौत के मामले ने पकड़ा सियासी तूल, कांग्रेस ने केजरीवाल और शाह पर साधा निशाना ◾समझौते के बाद पाकिस्तान की हरकतों पर लगी लगाम, एलओसी पर गोलाबारी में आयी भारी कमी◾तोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतकर लौटी पीवी सिंधू का हवाई अड्डे पर गर्मजोशी से हुआ स्वागत ◾लालू ने शरद यादव से मुलाकात की, कहा- हमारे लिए चिराग ही है एलजेपी प्रमुख◾सिर्फ शादी के लिए धर्मांतरण गलत, इलाहाबाद HC ने ‘जोधा-अकबर’ का उदाहरण देते हुए रद्द की जमानत याचिका◾PM मोदी ने पूरी ओलंपिक टीम को बतौर 'स्पेशल गेस्ट' स्वतंत्रता दिवस समारोह पर किया आमंत्रित ◾कोरोना से जंग के बीच टीकाकरण अभियान जारी, राज्यों के पास 2.75 करोड़ खुराक उपलब्ध : केंद्र◾शिवराज का ऐलान- MP में जहरीली शराब बेचने वालों को होगा आजीवन कारावास या मौत की सजा◾दिल्ली सरकार ने विधायकों के वेतन में बढ़ोतरी को दी मंजूरी, अब 54 की जगह 90 हजार होगी सैलरी◾दिवंगत बाला साहेब ठाकरे से काफी प्रभावित है राहुल, वे जल्द महाराष्ट्र दौरे पर आएंगे: संजय राउत◾गरीबों का सशक्तीकरण है सर्वोच्च प्राथमिकता, लाखों परिवारों को फ्री राशन दे रही सरकार : PM मोदी◾CBSE 10th रिजल्ट : त्रिवेंद्रम क्षेत्र ने 99.99 फीसदी के साथ मारी बाजी, TOP-10 में सबसे नीचे दिल्ली◾संसद में पेगासस और कई मुद्दों को लेकर विपक्ष का हंगमा, राज्यसभा की बैठक स्थगित◾

भारत में कोरोना के आँकड़े #GharBaithoNaIndiaSource : Ministry of Health and Family Welfare

कोरोना की पुष्टि

इलाज चल रहा है

ठीक हो चुके

मृत लोग

नीस आतंकी हमले पर मलेशिया के पूर्व PM की विवादित टिप्पणी, ‘मुस्लिमों को फ्रांस के लोगों की हत्या करने का हक’

फ्रांस के नीस शहर में हुए आतंकी हमले की चौतरफा निंदा हो रही है। इस हमले में तीन लोगों की मौत जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। इस हमले को लेकर पूरे देश में रोष व्याप्त है। इस बीच मलेशिया के पूर्व प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद ने ऐसा बयान दिया है, जिसकी दुनिया में कड़ी निंदा हो रही है।

महातिर मोहम्मद ने गुरुवार को ट्वीट करते हुए फ्रांस की निंदा की और मुस्लिमों के प्रति द्वेष भाव रखने का आरोप लगाया। उन्होंने अपने ट्विटर अकॉउंट पर 'दूसरों का सम्मान कीजिए' नाम से एक ब्लॉग पोस्ट किया। उन्होंने सिलसिलेवार किए ट्वीट में  कहा, ‘मुस्लिमों को गुस्सा करने का और लाखों फ्रांसीसी लोगों को मारने का पूरा हक है।’

महातिर ने 18 वर्षीय लड़के द्वारा कक्षा में पैगंबर के कार्टून दिखाने पर फ्रांसीसी शिक्षक सैमुअल पैटी की हत्या की घटना का जिक्र किया। महातिर ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को असभ्य बताया। उन्होंने मैक्रों पर हमला बोलते हुए कहा कि किसी धर्म का अपमान करने वाले एक शिक्षक की हत्या पर पूरे इस्लाम को दोषी ठहराना ठीक नहीं है। ऐसा नहीं लगता कि मैक्रों सभ्य हैं। जब आप एक आक्रोशित शख्स के गलत काम का ठीकरा सारे मुसलमानों पर फोड़ते हैं और उन्हें दोषी ठहराते हैं, तो मुसलमानों को भी फ्रेंच लोगों को सजा देने का हक है। केवल फ्रांस के सामानों का बहिष्कार करना इसका सही मुआवजा नहीं होगा। 

आतंकवाद के खिलाफ जंग में भारत फ्रांस के साथ : PM मोदी

महातिर मोहम्मद ने इन ट्वीट की दुनियाभर में निंदा होने के बाद ट्विटर से हटा दिया, जिसमें वो फ्रांसीसी लोगों को मारने की बात कर रहे हैं। नीस में गुरुवार को एक गिरिजाघर के पास चाकू से किए गए हमले में तीन लोगों की मौत हो गई जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। हमले के बाद हमलावर को गिरफ्तार कर लिया गया है और इस दौरान घायल होने की वजह से उसे अस्पताल ले जाया गया है। हमलावर ने अकेले इस घटना को अंजाम दिया। 

हमलावर फ्रांस के चर्च में हाथ में कुरान की कॉपी और चाकू लेकर घुसा था और फिर उसने तीन लोगों की हत्या कर दी। यह पिछले दो महीनों में फ्रांस में इस तरह का तीसरा हमला है। उल्लेखनीय है कि यह घटना ऐसे समय हुई है जब फ्रांस में आतंकवादी हमले को लेकर पहले ही अलर्ट जारी किया हुआ है। वहीं, फ्रांसीसी संसद के निचले सदन ने कोरोना वायरस महामारी के चलते नयी पाबंदियों पर बहस को स्थगित करते हुए पीड़ितों के लिए कुछ देर मौन रखा।