पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में 9 लोगों की जिन्दा जलकर मौत के मामले में अब तक 23 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। घटना के बाद से खौफजदा लोगों ने पलायन शुरू कर दिया है। वहीं बीजेपी ने घटना की जांच के लिए 5 सदस्यीय समिति को राज्य में भेजने का फैसला किया है।
टीएमसी नेता भादू शेख की हत्या के बाद नौ लोगों को जिंदा जलाने के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है। इस मामले में पुलिस ने अब तक 23 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। हिंसा और हत्या के मामलों में पुलिस ने दो केस दर्ज किए हैं। घटना में दर्जनभर घरों को भी जलाकर रख कर दिया गया है।
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पश्चिम बंगाल सरकार ने जांच के लिए एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) बना दी है और मंगलवार को ड्यूटी पर रहे दो पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। पश्चिम बंगाल पुलिस के डीजी मनोज मालवीय ने मंगलवार को कहा, दो गुटों के बीच में आपसी रंजिश को लेकर हिंसा हुई।
इसमें कोई भी राजनीति का मामला नहीं था। इसी बीच बीजेपी नेताओं की एक टीम कोलकाता से बीरभूम के लिए रवाना हो गई है। सीपीआईएम भी अपनी एक टीम भेज रही है। इसके अलावा टीएमसी ने अपने तीन विधायकों को हिंसा वाले में गांव में भेजा है।


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