BREAKING NEWS

ज्ञानवापी विवाद : मौलाना तौकीर रजा का आह्वान, हर जिले में 2 लाख मुसलमान दें गिरफ्तारी ◾ज्ञानवापी शिवलिंग विवाद : DU प्रोफेसर की गिरफ्तारी को लेकर छात्रों का हंगामा◾NSE Co-Location Case : मुंबई-दिल्ली समेत 10 ठिकानों पर CBI का एक्शन◾नफरत की राजनीति कर रही है BJP, राहुल गांधी के बयान को AAP का समर्थन◾नवनीत राणा को BMC का नोटिस, 7 दिन में जवाब नहीं दिया तो होगी कार्रवाई◾शर्मनाक! JNU कैंपस में MCA की छात्रा से रेप, आरोपी छात्र गिरफ्तार◾उत्तराखंड : सड़क धंसने से यमुनोत्री हाईवे बंद, फंसे 3 हजार यात्री, सख्त हुए पंजीकरण के नियम ◾MP : मुस्लिम समझकर बुजुर्ग की पीट-पीटकर हत्या, Video जारी कर जीतू पटवारी ने गृहमंत्री से पूछा सवाल◾India Covid Update : पिछले 24 घंटे में आए 2,323 नए केस, 25 मरीजों की हुई मौत ◾रूस ने मारियुपोल पर पूरी तरह से कब्जे का किया दावा, मलबे के ढेर में तब्दील हो चुका है पूरा शहर ◾यूरोप में Monkeypox का कहर, जानें क्या है ये बला, और कैसे फैलता है संक्रमण◾कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी में राहुल ने BJP पर जमकर बोला हमला, कहा-भारत में आज अच्छे हालात नहीं◾दिल्ली पुलिस ने DU प्रोफेसर रतन लाल को किया गिरफ्तार, शिवलिंग पर की थी आपत्तिजनक टिप्पणी ◾पिता की पुण्यतिथि पर भावुक हुए राहुल, बोले-मुझे उनकी बहुत याद आती है◾कोविड-19 : विश्व में कोरोना के मामले 52.66 करोड़ के पार, 11 बिलियन से अधिक का हुआ टीकाकरण ◾छह दिन में दूसरी बार बढ़े CNG के दाम, जानिए राजधानी सहित कई शहरों के रेट ◾ शीना बोरा मर्डर केस में इंद्राणी मुखर्जी हुई जेल से रिहा, जानें कैसे और क्यों कराई थी अपनी ही बेटी की हत्या ?◾गुजरात में चुनाव जीतने के लिए नरेश पटेल को उतार सकती है कांग्रेस, सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद होगा एलान ◾कांग्रेस का मोदी सरकार पर तीखा वार, कहा- चीन मसले पर देश को अंधेरे में न रखे केंद्र◾Maharashtra News: राज ठाकरे का ऐलान- नहीं करेंगे 5 जून को अयोध्या का दौरा, जानें- इसके पीछे की वजह◾

शिवसेना ने 40 आईपीएस अधिकारियों के तबादले के फैसले का किया बचाव

शिवसेना ने हाल ही में महाराष्ट्र सरकार द्वारा किये गये आईपीएस अधिकारियों के तबादलों का बचाव करते हुए कहा है कि यह फैसला राज्य के हित को ध्यान में रखते हुए किया गया। 

शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के एक सम्पादकीय में कहा गया है कि महाराष्ट्र विकास अघाडी (एमवीए) गठबंधन के तीनों सहयोगी दलों, शिवसेना, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) और कांग्रेस के बीच विचार-विमर्श के बाद राज्य पुलिस के शीर्ष अधिकारियों का तबादला किया गया। 

शिवसेना नीत गठबंधन सरकार में गृह विभाग राकांपा के पास है। इन तबादलों की आलोचना करने को लेकर भाजपा पर निशाना साधते हुए मुखपत्र में दावा किया गया है कि सरकार का फैसला ‘‘सही’’ है और विपक्षी दल इससे परेशानी महसूस कर रहा है। 

विधानसभा में विपक्ष के नेता देवेन्द्र फडणवीस और प्रदेश भाजपा प्रमुख चंद्रकांत पाटिल ने कोविड-19 महामारी के बीच आईपीएस अधिकारियों के तबादले की आलोचना की थी। 

सम्पादकीय में कहा गया है, ‘‘ सत्ता में (नवम्बर 2019 में) आने के बाद तबादलों की मांग करने के बावजूद, (मुख्यमंत्री) उद्धव ठाकरे ने सात महीने तक ऐसा नहीं करने का फैसला किया और महामारी के खिलाफ लड़ाई पिछली (भाजपा) सरकार द्वारा नियुक्त प्रशासन के जरिये जारी रखी।’’ 

पार्टी के मुखपत्र ने दावा किया कि आतंकवाद रोधी दस्ते (एटीएस) के प्रमुख देवेन भारती को छोड़कर सभी तबादले पारदर्शी थे। राज्य सरकार ने हाल ही में 40 से अधिक आईपीएस अधिकारियों का तबादला किया है। 

महाराष्ट्र में कोरोना वायरस के प्रकोप के बीच 7 सितम्बर से शुरू होगा मानसून सत्र