जयपुर : उत्तरप्रदेश के मुगलसराय स्टेशन का नाम पंडित दीन दयाल स्टेशन किए जाने के बाद अब राजस्थान सरकार ने दो गांवों के नाम बदल दिए हैं। पाक सीमा से सटे बाड़मेर जिले के “मियों का बाड़ा” गांव का नाम अब बदलकर “महेश नगर” हो गया है। गांव का नाम को बदलने की मंजूरी मिल गई है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने वसुंधरा राजे सरकार की सिफारिश को मंजूरी दे दी है। यहां के स्टेशन पर लगे बोर्ड से मियों का बाड़ा साफ कर महेश नगर लिख दिया गया है।

सरकार का कहना है कि गांव की पंचायत की सिफारिश पर यह सब किया जा रहा है। गांव के लोगों का कहना है उनकी ये मांग लंबे समय से थी जिसकी सुनवाई अब जाकर हो रही है। राजस्थान सरकार के राजस्व विभाग के सब रजिस्ट्रार सुरेश सिंधी का कहना है कि एक पूरी प्रक्रिया अपना कर नाम बदला जाता है। पहले पंचायत सबूत या फिर नाम बदलने के आधार पर सर्वसम्मति से राजस्व विभाग को सिफारिश भेजता है जिसकी पुष्टि कर राज्य सरकार भारत सरकार को भेजता है जहां से अनुमति मिलने के बाद हम नाम बदलने की प्रक्रिया शुरू करते हैं।

हमने कई नाम बदल दिए हैं और कई प्रक्रिया में है। इन गांवों के अलावा बहुत सारे ऐसे गांव भी हैं जिनका नाम या तो जातियों के आधार पर बदला जा रहा है या फिर पंचायत की मांग पर सही किया जा रहा है। राजस्थान के जालौर का नरपाड़ा का नाम नरपुरा, मेडा ब्राह्मन का नाम मेडा पुरोहितान, नवलगढ़ के डेवा की ढाणी के नाम गिरधारीपुरा किया गया है। हालांकि बीजेपी सरकार का यह बदलाव कांग्रेस को रास नहीं आया। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट ने कहा कि बीजेपी हमेशा लोगों को सियासी फायदा लेने के लिए लोगों को बांटने का काम करती है।